प्रिय इन नयनों का अश्रु-नीर! | महादेवी वर्मा की कविता | अर्थ, सारांश, भावार्थ
कविता “प्रिय इन नयनों का अश्रु-नीर!” में कवयित्री ने अश्रुओं को केवल दुख का चिह्न न मानकर, उन्हें जीवन की […]
यहाँ आपको जीवन, प्रेम, प्रेरणा, संघर्ष, भक्ति और भावनाओं से भरी हिंदी कविताएँ मिलेंगी—ऐसी पंक्तियाँ जो मन को छू जाएँ और सोचने पर मजबूर कर दें।
कविता “प्रिय इन नयनों का अश्रु-नीर!” में कवयित्री ने अश्रुओं को केवल दुख का चिह्न न मानकर, उन्हें जीवन की […]
क्या आपने कभी किसी कविता को पढ़कर महसूस किया है कि जैसे कवयित्री आपके सामने खड़ी होकर बात कर रही
दिल्ली कविता – रामधारी सिंह “दिनकर”. रामधारी सिंह ‘दिनकर’ हिंदी साहित्य के एक प्रतिष्ठित कवि थे, जिन्हें राष्ट्रीय चेतना और
परिचय कविता – रामधारी सिंह दिनकर. रामधारी सिंह दिनकर हिंदी साहित्य के एक महान कवि थे, जिन्हें राष्ट्रकवि के रूप
परंपरा कविता. रामधारी सिंह दिनकर भारतीय साहित्य के उन महान कवियों में से एक हैं, जिनकी रचनाएँ समाज, संस्कृति और
सिंहासन खाली करो कि जनता आती है. रामधारी सिंह दिनकर हिंदी साहित्य के प्रख्यात कवि थे, जिन्होंने अपनी कविताओं में
वंदे मातरम . भारत के राष्ट्रीय गीत के रूप में मान्यता प्राप्त ‘वंदे मातरम’ स्वतंत्रता के लिए राष्ट्र के संघर्ष
दूध-दूध कविता भूख, निराशा, और गरीबी से पीड़ित बच्चों की मासूमियत का हृदयविदारक चित्रण है। यह उन शिशुओं की पीड़ा
दुनिया में हूँ दुनिया का तलबगार नहीं हूँ. अकबर इलाहाबादी की इस शायरी में वह अपनी आत्म-चेतना, जीवन के दृष्टिकोण
अकबर इलाहाबादी की 5 शायरि. अकबर इलाहाबादी का शायरी संसार इंसानी फितरत, सामाजिक विषमताओं, धार्मिक रूढ़ियों और जिंदगी की वास्तविकताओं
हंगामा है क्यूँ बरपा – अकबर इलाहाबादी. इस शायरी में अकबर इलाहाबादी ने मानव स्वभाव, समाज की धारणाओं और ईश्वर
गुलाबी रंगों वाली वो देह मेरे भीतरकई कमरे हैंहर कमरे मेंअलग-अलग सामानकहीं कुछ टूटा-फूटातो कहींसब कुछ नया!एकदम मुक्तिबोध कीकविता-जैसा बस
पुष्प की अभिलाषा कविता परिचय ‘पुष्प की अभिलाषा’ कविता हिंदी साहित्य के प्रतिष्ठित कवि माखनलाल चतुर्वेदी की एक महत्वपूर्ण काव्य
‘मोंटा रे’ (केमोन बोका मोंटा रे) एक भावपूर्ण गीत है जिसने अपनी मधुर धुन और दिल को छू लेने वाले
क्या है मेरी बारी में कविता हरिवंश राय बच्चन की एक भावनात्मक कविता है। यहाँ बारी शब्द का उपयोग किया
हवा हूँ हवा मैं बसंती हवा हूँ शीर्षक से प्रसिद्ध यह कविता हिंदी साहित्य में एक महत्वपूर्ण स्थान रखती है।
रश्मिरथी प्रथम सर्ग भाग 4 | द्रोण का भय और कुंती का दुःख। यह [ रश्मिरथी की व्याख्या ] पर
कबीर दोहावली भाग 2 में हम कबीर के 20 दोहों का अगला संग्रह लेकर आए हैं, जिनका अंग्रेजी अर्थ है।
कबीर दोहावली का परिचय यह कबीर दोहावली भाग 1 है। हमने कबीर के 20 दोहे एकत्र किए और उनका अंग्रेजी
मैथिलीशरण गुप्त की कविता जयद्रथ वध (जयद्रथ वध प्रथम सर्ग भाग 2). जयद्रथ-वध मैथिली शरण गुप्त की एक प्रमुख काव्य
मैथिलीशरण गुप्त की कविता जयद्रथ वध (जयद्रथ वध प्रथम सर्ग भाग 1). जयद्रथ-वध मैथिली शरण गुप्त की एक प्रमुख काव्य
अंधेरे का दीपक (है अँधेरी रात पर दीवा जलाना कब मना है?) एक आशावादी कविता है। ये हरिवंश राय बच्चन
कोई पार नदी के गाता हरिवंश राय बच्चन जी की एक कविता है जो शायद उनके जीवन से जुड़ी हुयी
“अलि मैं कण-कण को जान चली” महादेवी वर्मा की एक अत्यंत प्रेरणादायक कविता है। इस कविता में महादेवी वर्मा ने
रश्मिरथी प्रथम सर्ग भाग 3. इस भाग में हम कर्ण और दुर्योधन की मित्रता की कहानी पढ़ेंगे। रामधारी सिंह दिनकर
परिचय मनुष्यता कविता मैथिली शरण गुप्त द्वारा लिखी गई थी और मेरे विचार से यह विश्व बंधुत्व के लिए एक
हाल ही में वाराणसी का ज्ञानवापी फैसला काफी चर्चा में रहा है और भारत में विवाद का कारण बना हुआ
“तू जिस गति से है चला, तू उस गति को पाएगा”ये पंक्तियाँ केवल एक कविता नहीं हैं —ये जीवन के
रश्मिरथी प्रथम सर्ग भाग 2 | कर्ण और अर्जुन | एकलव्य की कहानी | कर्ण बनाम अर्जुन | रश्मिरथी पुस्तक
रश्मिरथी प्रथम सर्ग भाग 1. वीर कर्ण का परिचय एवं जन्म कथा। इस भाग में हम पढ़ेंगे कि कर्ण का
कोशिश करने वालों की हार नहीं होती लहरों से डर कर नौका पार नहीं होतीकोशिश करने वालों की हार नहीं
अग्निपथ प्रसिद्ध कवि डॉ. हरिवंश राय बच्चन द्वारा लिखी गई एक हिंदी कविता है। इस कविता का अर्थ पढ़ें। यह
परिचय रश्मिरथी कविता | रश्मिरथी कविता के बोल | रश्मिरथी कविता के बोल और अर्थ | रामधारी सिंह दिनकर की
झाँसी की रानी कविता भारतीय कवि और विचारक “सुभद्रा कुमारी चौहान” द्वारा लिखी गई है। वह प्रसिद्ध कवयित्री और लेखिका
परिचय रश्मिरथी कविता – जय हो जग में जले जहाँ भी, नमन पुनीत अनल को सारांश और विस्तृत अर्थ के
आरंभ है प्रचंड पीयूष मिश्रा द्वारा लिखित एक सशक्त कविता है। आखिरी पोस्ट में हमने पीयूष मिश्रा द्वारा लिखित ‘एक
यहां मधुशाला की 5 रुबाइयां हैं जिन्हें मैंने एकत्र किया है और इस पोस्ट में अर्थ समझाने की कोशिश की
रामधारी सिंह दिनकर की ‘रश्मिरथी’ हिन्दी साहित्य की सबसे लोकप्रिय और प्रभावशाली लंबी कथात्मक कविता (खंड-काव्य) मानी जाती है। यह
परिचय लाल जोड़ा – अरबिंदजी सहाय द्वारा लिखित हिंदी में एक कविता है। मैंने उनसे अनुरोध किया कि क्या मैं
एक बगल में चांद होगा | इक बगल में चाँद होगा | इक बगल में चाँद होगा अर्थ | एक
नीड़ का निर्माण फिर-फिर | नीड का निर्माण |नीड़ का निर्माण फिर फिर अर्थ | नीड़ का निर्माण फिर फिर
“जीना हो तो मरने से नहीं डरो रे” कविता भारत के प्रसिद्ध कवि – रामधारी सिंह दिनकर की हिंदी में
हरिवंश राय बच्चन की 5 कविताएँ – हरिवंश राय बच्चन की कविताएँ प्रेरणादायक और शक्तिशाली हैं। हरिवंशराय बच्चन 20वीं सदी